rashi sharma
20 Jul, 2022 | 0 mins read
कब तक.............
इतना ना आज़माओं के हम थक जाए, कोशिश भी थक हार कर बैठ जाए, ए खुदा कहीं बहुत अच्छे के इंतजार में, ऐसा ना हो कि असफलता के घाव से, सफलता का एहसास ही खत्म हो जाए.
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rashi sharma
17 Jul, 2022 | 0 mins read
चेहरा..................
छोड़ो दुनिया क्या कहती हैं, सोचो वो बात जो तुम्हें खुश कर देती हैं, जैसे है वैसे ही हम अच्छे हैं, क्योंकि जो हम कर सकते हैं, दूसरा कोई और नहीं.
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rashi sharma
16 Jul, 2022 | 0 mins read
यूँ ही ..................
ज़रूरी नही की हर काम मे मतलब तालाशा जाए, क्यों ना कभी कुछ ऐसा करें की, बेमतलब को भी मतलब मिल जाए.
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rashi sharma
15 Jul, 2022 | 1 min read
किस्मत साथ किस्मत के...............
ज़्यादा कुछ नहीं कुछ करना चाहती हूँ, खुद के लिए खुद की पहचान बनाना चाहती हूँ, ऐ किस्मत इसके लिए तुम्हारा साथ चाहती हूँ.
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rashi sharma
15 Jul, 2022 | 1 min read
rashi sharma
14 Jul, 2022 | 0 mins read
कैलाश रमण............
वो अलबेला वो एकलौता हैं, मतवाला हैं वो, अपनी मर्ज़ी का मालिक सही, भक्तों की सुनने वाला है वो.
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rashi sharma
14 Jul, 2022 | 1 min read
निडर, निर्भय, नम्र हूँ मैं............
मेरी शर्मों हया को मेरी कमज़ोरी ना समझो, ये तो मेरा श्र्रंगार हैं, खुद को लिए काफी हूँ मैं, मुझे नहीं औरों को मेरी तलाश हैं.
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rashi sharma
12 Jul, 2022 | 1 min read
rashi sharma
11 Jul, 2022 | 1 min read
rashi sharma
11 Jul, 2022 | 0 mins read