Aarti Kushwah
15 Aug, 2024 | 1 min read
आज़ादी अभी बाकी है...
कहने को तो आज़ाद हैं हम, पर आज़ादी अभी बाकी है, ये मैं नहीं इस देश की बेटियाँ बताती हैं ।
##let's start
1
0
741
Aarti Kushwah
27 Jan, 2024 | 1 min read
Aarti Kushwah
19 Jan, 2024 | 1 min read
ठिठुरन भरी ठंड
मौसम तो प्रकृती का व्यवहार है । प्रकृती हमेशा से ही कलम को गति देने वाला विषय रहा है। हम सब जानते हैं कि मौसम में बदलाव के वैज्ञानिक कारण होते हैं परंतु कलम उसका मानवीकरण कर उसके साथ अठखेलियां करती है ।
1
1
653
Aarti Kushwah
24 Aug, 2023 | 0 mins read
मुठ्ठी भर आशाएँ
अक्सर सभी ने सुना होगा कि आपको आपसे बेहतर कोई नहीं जानता ,इसीलिए अपनी क्षमताएं पहचानिए और हर रोज़ आगे बड़ते रहिए ।
0
0
641
Aarti Kushwah
10 Apr, 2023 | 1 min read
Aarti Kushwah
23 Feb, 2023 | 1 min read
दिल और दिमाग
यहाँ दिल और दिमाग के जैविक पहलु पर ध्यान ना देते हुए बस दोनों का भावनात्मक संवाद हुआ है ।
0
0
651
Aarti Kushwah
26 Jan, 2023 | 0 mins read
Aarti Kushwah
26 Jan, 2023 | 0 mins read
Aarti Kushwah
18 Dec, 2022 | 1 min read
Aarti Kushwah
15 Dec, 2022 | 1 min read
क़िरदार
अपनी ज़िंदगी को ज़ाया मत कीजिए । मानव होने का क़िरदार ईमानदारी से निभाइए और मानवता को सरोकार कीजिए ।
0
0
699